डायबिटीज़ में हेल्थ इंफ्लुएंसर पर आँख बंद कर भरोसा क्यों गलत है?
भारत में डायबिटीज़ के मरीजों की संख्या ७.७ करोड़ से ज्यादा पहुँच चुकी है। इसी के साथ हेल्थ इंफ्लुएंसरों की संख्या भी लाखों में है। इंस्टाग्राम, यूट्यूब, फेसबुक पर रोज़ाना सैकड़ों रील्स और वीडियो आते हैं – “ये १ चम्मच पाउडर रात को पी लो, दवा छूट जाएगी”, “मेरा HbA1c १२ से ५.८ हो गया […]
डायबिटीज़ में त्योहारों के बाद शुगर क्यों बिगड़ती है?
दिवाली, होली, रक्षाबंधन, दशहरा, जन्माष्टमी, छठ, नवरात्रि – भारत में त्योहारों की लिस्ट बहुत लंबी है। हर त्योहार के साथ मिठाई, फरसाण, पूरी, हलवा, खीर, समोसा, जलेबी… ये सब खुशी के साथ आते हैं, लेकिन डायबिटीज़ वाले मरीजों के लिए ये “खुशी का बोझ” बन जाते हैं। त्योहार खत्म होने के २-७ दिन बाद ज्यादातर […]
डायबिटीज़ में गांव से शहर की लाइफस्टाइल शुगर कैसे बदलती है?
भारत में हर साल लाखों लोग गांव छोड़कर शहर की ओर पलायन करते हैं। बेहतर नौकरी, बच्चों की पढ़ाई, परिवार की आर्थिक मजबूती – ये सपने उन्हें शहर की ओर खींचते हैं। लेकिन इसी पलायन के साथ बहुत से डायबिटीज़ मरीजों की शुगर अचानक बेकाबू होने लगती है। गांव में दवा पर अच्छा कंट्रोल था, […]
डायबिटीज़ में गृहिणियों की शुगर क्यों ज्यादा अनकंट्रोल रहती है?
भारत में डायबिटीज़ के सबसे ज्यादा प्रभावित समूहों में गृहिणियाँ शीर्ष पर हैं। कई अध्ययनों में देखा गया है कि घरेलू महिलाओं में पुरुषों की तुलना में HbA1c औसतन ०.७–१.२% ज्यादा रहता है और अनियंत्रित डायबिटीज़ (HbA1c ≥८%) की दर भी लगभग १.८ गुना अधिक पाई जाती है। यह आँकड़ा चौंकाने वाला इसलिए है क्योंकि […]
डायबिटीज़ में कामकाजी पुरुष सबसे ज्यादा क्या गलती करते हैं?
भारत में कामकाजी पुरुषों की जिंदगी आज बहुत तेज़ चल रही है। सुबह ८ बजे ऑफिस, शाम ८-९ बजे घर, बीच में मीटिंग्स, ट्रैफिक, क्लाइंट कॉल, बॉस का प्रेशर, EMI, बच्चों की फीस – इन सबके बीच खुद की सेहत पीछे छूट जाती है। ३५ से ५० साल की उम्र में टाइप-२ डायबिटीज़ के मामले […]
डायबिटीज़ में शादी-पार्टी का डर कैसे मैनेज करें?
शादी हो या जन्मदिन, दिवाली हो या किसी रिश्तेदार की सालगिरह – डायबिटीज़ वाले व्यक्ति के लिए ये मौके खुशी से ज्यादा चिंता का कारण बन जाते हैं। “अगर थोड़ा भी खा लिया तो शुगर ३०० पार कर जाएगी” “सब देखेंगे कि मैं अलग प्लेट ले रहा हूँ” “कहीं हाइपो न हो जाए और सबके […]
डायबिटीज़ में “थोड़ा मीठा चल जाता है” सोच का असर
भारत में डायबिटीज़ के मरीजों की सबसे आम और सबसे खतरनाक सोच यही है – “थोड़ा मीठा चल जाता है”। त्योहार पर एक गुलाब जामुन, शादी में दो लड्डू, जन्मदिन पर केक का छोटा टुकड़ा, पड़ोस में किसी ने बनाया तो एक चम्मच हलवा, शाम को चाय के साथ एक बिस्किट… ये छोटी-छोटी छूटें रोज़ […]
भारत में डायबिटीज़ अब “साइलेंट फैमिली बीमारी” क्यों बन गई है?
भारत में डायबिटीज़ अब सिर्फ एक व्यक्ति की बीमारी नहीं रही। यह धीरे-धीरे पूरी फैमिली में फैलने वाली साइलेंट फैमिली बीमारी बन गई है। एक घर में पति-पत्नी दोनों, माता-पिता में से एक या दोनों, कभी-कभी बच्चे भी – चारों तरफ डायबिटीज़ के मामले। सबसे खतरनाक बात यह है कि शुरुआती ५–१० साल तक यह […]