डायबिटीज़ में दही सबके लिए फायदेमंद क्यों नहीं?
भारत में दही को सबसे हेल्दी और सुरक्षित चीज माना जाता है। डायबिटीज़ के मरीजों को अक्सर डॉक्टर या फैमिली वाले कहते हैं – “दही तो रोज़ खाओ, शुगर कंट्रोल में रहेगी”। घर में हर थाली में दही की कटोरी जरूर रहती है। लेकिन बहुत से मरीज देखते हैं कि दही खाने के १.५–३ घंटे […]
डायबिटीज़ में सूजी और मैदा का असर अलग क्यों होता है?
डायबिटीज़ के मरीजों में सूजी और मैदा को लेकर सबसे ज्यादा कन्फ्यूजन रहता है। एक तरफ लोग कहते हैं “सूजी तो हल्की है, उपमा या सूजी का हलवा खा लो”, दूसरी तरफ “मैदा तो पूरी तरह बंद कर दो”। लेकिन जब दोनों को खाने के बाद शुगर चेक करते हैं तो सूजी से स्पाइक कम […]
डायबिटीज़ में पराठा खाने के बाद शुगर देर से क्यों बढ़ती है?
डायबिटीज़ के मरीज अक्सर परेशान होकर पूछते हैं – “पराठा तो बहुत कम खाता हूँ, फिर भी ३–४ घंटे बाद शुगर अचानक बहुत ऊपर चली जाती है। सुबह १२० थी, दोपहर में २४०–२८० तक पहुँच जाती है।” यह समस्या भारत में बहुत आम है। लोग सोचते हैं कि “घर का बना पराठा है, थोड़ा-सा तो […]
डायबिटीज़ में “घर की बनी मिठाई” क्यों ज्यादा खतरनाक होती है?
भारत में त्योहार हो या कोई खास मौका, घर की बनी मिठाई की खुशबू हर घर में फैल जाती है। गुलाब जामुन, रसगुल्ला, हलवा, लड्डू, बर्फी, पेड़ा, खीर, शीरमाल – माँ-दादी के हाथ की मिठाई का कोई जवाब नहीं। लेकिन डायबिटीज़ के मरीजों के लिए यही घर की बनी मिठाई बाहर की मिठाई से कहीं […]
डायबिटीज़ में खाना अकेले खाने से शुगर क्यों बढ़ सकती है?
भारत में डायबिटीज़ के मरीजों की एक बहुत आम आदत है – खाना अकेले चुपचाप खा लेना। सुबह ऑफिस जाने से पहले, दोपहर में काम के बीच में, शाम को घर लौटकर या रात को टीवी/मोबाइल देखते हुए – ज्यादातर लोग अकेले ही थाली लगा लेते हैं। परिवार साथ में खाने बैठता है तो भी […]
डायबिटीज़ में डाइट चार्ट फॉलो करने के बाद भी रिज़ल्ट क्यों नहीं?
डायबिटीज़ के मरीज जब पहली बार डॉक्टर या डायटीशियन से डाइट चार्ट लेते हैं तो बहुत जोश में आते हैं। रोज़ सुबह ओट्स, दोपहर में दाल-रोटी-सब्जी, शाम को फल, रात में हल्का खाना – सब कुछ सही से फॉलो करते हैं। लेकिन २–३ महीने बाद भी फास्टिंग १४०–१७०, पोस्टप्रैंडियल १८०–२२० के आसपास घूमती रहती है। […]
डायबिटीज़ में शादी का खाना खाने के बाद शुगर कैसे बचाएं?
शादी के मौके पर डायबिटीज़ वाले मरीज के लिए सबसे बड़ी चुनौती होती है – वो भारी-भरकम थाली जिसमें रोटी, चावल, बिरयानी, दाल मखनी, शाही पनीर, नान, पराठा, रायता, चटनी, अचार, पापड़, मिठाई, आइसक्रीम सब कुछ एक साथ आ जाता है। घर पर तो डाइट कंट्रोल में रहती है, लेकिन शादी में “थोड़ा-सा तो खा […]
डायबिटीज़ में बाहर खाते समय सबसे खतरनाक चीज क्या होती है?
भारत में डायबिटीज़ के मरीज जब बाहर खाने जाते हैं तो सबसे ज्यादा डर इसी बात का रहता है कि “क्या खाऊँ कि शुगर स्पाइक न आए?”। ऑफिस लंच, फैमिली पार्टी, दोस्तों के साथ ढाबा, शादी-ब्याह या ट्रैवलिंग – हर जगह बाहर का खाना पड़ता है। लेकिन ज्यादातर मरीज अनजाने में ऐसी चीजें चुन लेते […]
डायबिटीज़ में “डाइट बोरियत” शुगर कंट्रोल कैसे बिगाड़ती है?
भारत में डायबिटीज़ के मरीजों की सबसे बड़ी परेशानी में से एक है – डाइट बोरियत। शुरू के १-२ महीने तो नई डाइट पर बहुत जोश रहता है। रोज़ एक जैसा नाश्ता, एक जैसी सब्ज़ी, एक जैसी दाल, एक जैसी रोटी। लेकिन ३-४ महीने बाद वही ओट्स, वही मूंग दाल, वही पालक-सोया, वही अमरूद… सब […]